1
00:00:02,000 --> 00:00:07,000
Downloaded from
YTS.MX

2
00:00:05,047 --> 00:00:07,758
इस कार्यक्रम में चमकदार छवियाँ हो सकती हैं

3
00:00:07,842 --> 00:00:09,927
जिसका संवेदनशील दृष्टि वालों पर
बुरा असर पड़ सकता है।

4
00:00:08,000 --> 00:00:13,000
Official YIFY movies site:
YTS.MX

5
00:00:10,010 --> 00:00:14,974
इस कलेक्शन से अभी ख़रीदारी कीजिए

6
00:00:19,854 --> 00:00:25,526
किसी भी सफ़र में कहानी सुनाना,
उसका आखिरी मुकाम होता है।

7
00:00:28,738 --> 00:00:30,281
एक अनुभव होता है...

8
00:00:32,783 --> 00:00:36,787
और फिर वह जज़्बात होता है
जो उस अनुभव से जुड़ा होता है।

9
00:00:37,538 --> 00:00:40,666
चाहे वह ताल हो, चाहे आवाज़ हो,

10
00:00:41,834 --> 00:00:45,463
उस एक पल से होने वाला वह जज़्बाती जुड़ाव,

11
00:00:47,047 --> 00:00:50,384
वही उसे कहानी के रूप में
बयान करने लायक बनाता है।

12
00:01:15,326 --> 00:01:18,704
सैवेज एक्स फेंटी शो
वॉल्यूम 2

13
00:01:29,757 --> 00:01:35,054
सैवेज एक्स

14
00:01:37,223 --> 00:01:38,641
त्वचा...

15
00:01:39,433 --> 00:01:40,768
स्पर्श...

16
00:01:41,477 --> 00:01:43,020
एहसास...

17
00:01:43,646 --> 00:01:44,980
उफ़!

18
00:01:46,065 --> 00:01:49,026
सावधान। वह खतरनाक है।

19
00:01:49,985 --> 00:01:50,945
वहशी है।

20
00:01:52,029 --> 00:01:53,030
कटार है।

21
00:01:54,281 --> 00:01:56,242
अपने बदन की लचक से काट डालेगी।

22
00:01:56,659 --> 00:01:58,494
अपनी बातों से लुभाएगी।

23
00:01:59,203 --> 00:02:00,579
सपना है।

24
00:02:00,663 --> 00:02:01,872
अभिशाप है।

25
00:02:02,289 --> 00:02:03,374
वहशी है।

26
00:02:04,041 --> 00:02:05,376
शेरनी है।

27
00:02:06,836 --> 00:02:09,213
जंगली, आज़ाद, खूँखार।

28
00:02:09,630 --> 00:02:12,716
उसे काबू में नहीं किया जा सकता।

29
00:02:13,384 --> 00:02:14,552
उसे छोड़ दो...

30
00:02:16,011 --> 00:02:17,179
एक जलता हुआ कमरा,

31
00:02:17,638 --> 00:02:19,098
वह तुम्हारी साँंसें रोक देगी।

32
00:02:20,391 --> 00:02:22,142
साँस लो, साँस छोड़ो।

33
00:02:23,018 --> 00:02:24,854
अभिमान का अंत।

34
00:02:25,479 --> 00:02:26,814
वह पानी की तरह डोलती है।

35
00:02:27,273 --> 00:02:28,315
तैरो...

36
00:02:28,607 --> 00:02:29,608
छलको...

37
00:02:30,442 --> 00:02:34,864
गुस्ताखी के आवेग में,
पी सकते हो तो पी जाओ।

38
00:02:36,740 --> 00:02:38,158
उसकी ताकत की बराबरी नहीं,

39
00:02:38,826 --> 00:02:40,536
उसका बदन बेरोक।

40
00:02:41,120 --> 00:02:42,830
उसे सब बुलाते हैं वहशी।

41
00:02:43,497 --> 00:02:45,165
वह बंदूक है।

42
00:02:45,249 --> 00:02:46,417
जानवर है।

43
00:09:05,629 --> 00:09:07,631
दस साल की उम्र में, मेरी कोई डायरी थी?

44
00:09:09,049 --> 00:09:11,051
दस साल की उम्र में, मेरे राज़ थे।

45
00:09:11,301 --> 00:09:13,887
दस साल की उम्र में,
राज़ कागज़ पर नहीं लिखती थी।

46
00:09:14,638 --> 00:09:15,764
बचपन में,

47
00:09:15,847 --> 00:09:18,141
मैं एक एलियन या एक अनोखी जीव जैसी थी।

48
00:09:18,225 --> 00:09:19,184
कारा डेलावीन

49
00:09:19,268 --> 00:09:20,560
जंगली सा महसूस होता था।

50
00:09:20,644 --> 00:09:21,979
हमेशा से डायरी चाहिए थी,

51
00:09:22,062 --> 00:09:23,981
पर लगता था कि माँ पढ़ लेंगी,

52
00:09:24,064 --> 00:09:25,857
इसलिए मेरा दिमाग ही मेरी डायरी था।

53
00:09:25,941 --> 00:09:27,150
एरिका जेन

54
00:09:27,234 --> 00:09:29,653
अगर मेरी डायरी आज मेरी बच्ची के हाथ लग गई,

55
00:09:29,736 --> 00:09:31,405
तो नहीं चाहूँगी कि वह उसे पढ़े।

56
00:09:31,488 --> 00:09:32,739
बस डायरी मत पढ़ो।

57
00:09:32,823 --> 00:09:33,657
नोर्मानी

58
00:09:33,740 --> 00:09:35,742
बस इतना ही कहूँगी, "डायरी मत पढ़ना।"

59
00:09:35,826 --> 00:09:38,120
अगर "जारी रहेगा..."
वाले हिस्से तक पहुँच गई,

60
00:09:38,203 --> 00:09:39,162
जैज़ेल

61
00:09:39,246 --> 00:09:43,333
तो शायद आगे आने वाली बातों को लेकर
वह बहुत उम्मीदें लगा लेगी।

62
00:09:43,417 --> 00:09:48,380
बत्तीस की उम्र में, मैं अपने
दस साल के रूप से यही कहूँगी,

63
00:09:48,463 --> 00:09:51,216
ज़्यादा मत सोचो, लड़की। बस आगे बढ़ती जाओ।

64
00:09:51,300 --> 00:09:54,469
हमेशा एहसान मानो, हमेशा शुक्र मनाओ

65
00:09:54,553 --> 00:09:58,015
और भगवान को अपनी नैय्या खेने दो।

66
00:10:02,394 --> 00:10:06,064
प्रेरणा

67
00:10:07,065 --> 00:10:09,693
लोगों को रचनात्मकता की प्रेरणा
अंदर से मिलती है।

68
00:10:10,068 --> 00:10:12,863
अगर कोई कहानी हो, तो उसे पसंद आता है।

69
00:10:12,946 --> 00:10:16,783
शायद हमारे पास इस सोच को
ऐसे इस्तेमाल करने का अनोखा मौका है

70
00:10:16,867 --> 00:10:19,202
जो पहले कभी नहीं किया गया है।

71
00:10:19,286 --> 00:10:21,204
उस लड़की के बारे में बात करते हैं,

72
00:10:21,288 --> 00:10:22,289
यूसेफ़ विलियम्स - हेयरस्टाइलिस्ट
और संस्थापक, द वाई बाई यूसेफ़

73
00:10:22,372 --> 00:10:23,832
रिहाना, एक रचनाकार।

74
00:10:24,708 --> 00:10:27,502
ऐसे प्रिंट वाले लॉन्ज़रे
कभी सोच ही नहीं सकती।

75
00:10:27,586 --> 00:10:29,671
प्रेरणा किसी भी चीज़ से मिल सकती है।

76
00:10:30,464 --> 00:10:35,719
उसे खास बनाता है उस संदेश, उन रंगों,

77
00:10:35,802 --> 00:10:38,597
और उसकी बनावट को लेकर आपका नज़रिया।

78
00:10:39,556 --> 00:10:42,934
इसलिए, मैं जो भी करती हूँ,
वह खास मेरा नज़रिया होगा,

79
00:10:43,018 --> 00:10:46,563
-खासकर जब बात सैवेज की हो।
-अगर हमें चुनना पड़े...

80
00:10:46,646 --> 00:10:50,108
यह स्थापित कर देना चाहती हूँ
कि यह इस ब्रैंड की नींव है।

81
00:10:51,234 --> 00:10:53,403
मुझे लगता है
कि वह बहुत बारीकी से देखती है।

82
00:10:53,779 --> 00:10:56,823
खूबसूरती, मेकअप, स्टाइल करने के तरीके
कैसा असर डालते हैं,

83
00:10:56,907 --> 00:10:58,033
डेनिस ल्यूपोल्ड
फ़ोटोग्राफ़र

84
00:10:58,116 --> 00:10:59,493
क्या प्रतिक्रिया मिलती है।

85
00:11:00,744 --> 00:11:04,915
हमें अपने आस-पास की
हर चीज़ से प्रेरणा मिलती है।

86
00:11:04,998 --> 00:11:07,959
और हम इतने खुशनसीब हैं

87
00:11:08,043 --> 00:11:11,088
कि हमारे चारों ओर इतने सारे अनुभव हैं,

88
00:11:11,171 --> 00:11:12,798
इतनी अलग-अलग संस्कृतियाँ हैं,

89
00:11:13,465 --> 00:11:17,010
और हम उन सभी अनुभवों का फ़ायदा उठाते हैं।

90
00:11:17,969 --> 00:11:22,641
जब आप दुनिया भर में घूमते हैं और अलग-अलग
देशों और संस्कृतियों का अनुभव करते हैं,

91
00:11:22,724 --> 00:11:23,767
ओमर एडवर्ड्स
सह-संगीत निर्देशक

92
00:11:23,850 --> 00:11:25,685
तो वह आपकी ज़िंदगी में झलकता है।

93
00:11:25,977 --> 00:11:30,065
चाहे जापान हो, या पेरिस हो, या अमेरिका हो,

94
00:11:30,774 --> 00:11:34,194
जहाँ भी कोई कपड़ा दिखता है,
सबसे पहले उसे छूने का मन करता है।

95
00:11:34,319 --> 00:11:37,364
इसके कारण हमेशा म्यूज़ियम में
मुश्किल में पड़ जाती हूँ।

96
00:11:38,657 --> 00:11:43,412
चाहे कोई जूता हो या
मेज़पोश पर लगा कोई कपड़ा हो,

97
00:11:43,495 --> 00:11:47,374
उसकी ऐसी पारखी नज़र है
जो खूबसूरत चीज़ों को देख लेती है

98
00:11:47,457 --> 00:11:48,875
और कभी-कभी ख़ामियाँ भी,

99
00:11:48,959 --> 00:11:49,793
जेनिफ़र रोज़ालेस
कार्यकारी निर्माता

100
00:11:49,876 --> 00:11:52,003
और उनसे दुनिया में सनसनी मचा देती है।

101
00:11:52,087 --> 00:11:53,797
सनसनी।

102
00:11:56,967 --> 00:12:00,178
वसंत के लिए यह बहुत ही
खुशगवार और बेहतरीन है।

103
00:12:00,262 --> 00:12:03,890
जब वह किसी ऐसी चीज़ पर काम करती है
जिसमें उसे मज़ा आ रहा हो,

104
00:12:03,974 --> 00:12:07,436
-तो लगता है जैसे वह जी उठी है
-भड़कीला गुलाबी रंग बहुत सुंदर है।

105
00:12:07,561 --> 00:12:09,229
बहुत ही अच्छा है।

106
00:12:09,563 --> 00:12:12,858
इसे डिज़ाइन के मज़ेदार पहलू का
लुत्फ़ उठाना कह सकते हैं।

107
00:12:12,941 --> 00:12:15,527
ज़्यादा ज़ोर डालो,
तो वह बेमज़ा हो जाता है।

108
00:12:15,610 --> 00:12:18,071
पर सहज और मज़ेदार हो,
तो नतीजा अच्छा होता है।

109
00:12:18,155 --> 00:12:19,072
एमिली व्हाइटहेड
डिज़ाइन निदेशक, सैवेज एक्स फेंटी

110
00:12:19,865 --> 00:12:23,076
-मैं नंबर एक ग्राहक हूँ इसलिए...
-मैं भी।

111
00:12:23,160 --> 00:12:26,455
तो आखिर यह है क्या? सैवेज एक्स वर्सालिस?

112
00:12:26,538 --> 00:12:29,541
मुझे दूसरा स्थान मिलेगा?
दूसरा स्थान तो मिल सकता है न?

113
00:12:33,295 --> 00:12:36,047
कपड़े का एहसास, उसे देखने और महसूस करने से

114
00:12:36,131 --> 00:12:38,800
बिल्कुल अलग होता है।

115
00:12:38,884 --> 00:12:42,846
आप कपड़े की खूबसूरती को
तब तक समझ ही नहीं सकते

116
00:12:42,929 --> 00:12:45,807
जब तक आप उसे खुद महसूस नहीं करते।

117
00:12:45,891 --> 00:12:48,685
यह बहुत ही लाजवाब है।
बहुत अच्छा लग रहा है।

118
00:12:49,519 --> 00:12:52,063
मैं कपड़ों को देखती हूँ,
उन्हें महसूस करती हूँ।

119
00:12:52,189 --> 00:12:55,150
कहती हूँ, "यह भद्दा है। इससे खुजली होगी।

120
00:12:55,233 --> 00:12:58,153
"यह पहनने पर अच्छा महसूस नहीं होगा।"

121
00:12:59,738 --> 00:13:03,617
जब वह तैयार होकर निकलता है,
तब उसका असली रूप समझ में आता है।

122
00:13:03,700 --> 00:13:05,535
उसे हरकत करते, हिलते देख सकते हैं।

123
00:13:05,619 --> 00:13:07,871
उसे बदन पर ढलते हुए देख सकते हैं।

124
00:13:09,664 --> 00:13:14,044
उसे ऊँचे दर्जे के फ़ैशन के कपड़े
और लॉन्जरे पहनने का काफ़ी अनुभव है,

125
00:13:14,127 --> 00:13:16,546
और इसलिए किसी चीज़ को एक नज़र देखते ही,

126
00:13:16,630 --> 00:13:18,632
वह बता सकती है कि वह कैसा दिखेगा।

127
00:13:18,715 --> 00:13:21,551
-सामने का घुमाव एकदम मिल जाना चाहिए।
-अच्छा।

128
00:13:21,635 --> 00:13:24,346
और वही हमें दिशा देता है,
और उसे बेहतर बनाता है,

129
00:13:24,429 --> 00:13:25,847
और उसका अंदाज़ भी दिखाता है।

130
00:13:25,931 --> 00:13:27,265
उस पर अपनी छाप छोड़ती है।

131
00:13:29,851 --> 00:13:31,645
सामने आकर, उसकी कहानी बयान करता है।

132
00:20:52,293 --> 00:20:56,422
जब भी वह कुछ पहनती है, तो लगता है
उसके अंदर एक कमीनी औरत जाग उठी है।

133
00:20:56,506 --> 00:20:57,674
मिज़ाज

134
00:20:57,757 --> 00:20:58,925
मानो कुछ बदल जाता है।

135
00:20:59,008 --> 00:21:03,096
नई शख्सियत पाने का मतलब है,
तरक्की के लिए नए रास्ते खोलना।

136
00:21:05,056 --> 00:21:09,602
मुझे यह देखकर बहुत प्रेरणा मिलती है
कि कैसे रंगों, पेंट,

137
00:21:09,686 --> 00:21:15,650
मेकअप, बनावट के इस्तेमाल से
हम कोई भी रूप अपना सकते हैं।

138
00:21:15,733 --> 00:21:18,695
होंठों को रंगते वक्त
ड्रैग क्वीन्स को ऐसा करते देखा है,

139
00:21:18,778 --> 00:21:22,198
और अचानक, उनका पूरा तौर-तरीका बदल जाता है।

140
00:21:23,366 --> 00:21:26,160
उनका आत्मविश्वास
दिखाई देता है, महसूस होता है।

141
00:21:26,244 --> 00:21:29,247
उसके साथ एक बहुत बड़ा जज़्बाती जुड़ाव है।

142
00:21:29,330 --> 00:21:31,290
और खुद में एक ताकत महसूस होती है।

143
00:21:31,374 --> 00:21:35,003
हम सभी के अंदर कई व्यक्तित्व होते हैं।

144
00:21:35,086 --> 00:21:38,798
हमारे अलग-अलग हिस्से आपस में टकराते हैं

145
00:21:38,881 --> 00:21:41,217
और फिर मिलकर एक हो जाते हैं।

146
00:21:41,300 --> 00:21:42,635
यह दमदार होता है।

147
00:21:42,719 --> 00:21:45,888
बड़े होने के दौरान मेरे बाल कभी भी
एक जैसे नहीं होते थे।

148
00:21:45,972 --> 00:21:46,889
सियार्डा हॉल

149
00:21:46,973 --> 00:21:48,599
कभी भूरे, कभी नारंगी, कभी काले।

150
00:21:48,683 --> 00:21:49,517
प्रेशियस ली

151
00:21:49,600 --> 00:21:51,728
पिक्सी कट चाहिए। नहीं, भूरे रंग के चाहिए।

152
00:21:51,811 --> 00:21:56,607
अपनी कला और फ़ैशन को उस मुकाम पर
ले जाना है जहाँ उस विकास को बयान कर सकूँ।

153
00:21:56,733 --> 00:21:57,817
विलो स्मिथ

154
00:21:57,900 --> 00:21:58,735
सू जू पार्क

155
00:21:58,818 --> 00:22:00,570
लगता है, "भाड़ में जाए। मन की करो।"

156
00:22:00,945 --> 00:22:05,825
मेकअप और बालों की मदद से
हर लिंग और लैंगिकता को अपनाना...

157
00:22:05,908 --> 00:22:08,953
और अगर मैं बर्बरी पहनूँगी
तो बहुत शालीन महसूस करूँगी।

158
00:22:09,037 --> 00:22:10,496
अगर डॉक मार्टेन पहनूँगी,

159
00:22:10,580 --> 00:22:11,497
रीको नास्टी

160
00:22:11,581 --> 00:22:14,500
तो लगेगा किसी लड़की को
अच्छे से मज़ा चखाने वाली हूँ।

161
00:22:14,584 --> 00:22:16,753
फ़ैशन खुद को ज़ाहिर करने का एक ज़रिया है।

162
00:22:16,836 --> 00:22:17,712
मिगेल

163
00:22:17,795 --> 00:22:19,797
यह आपकी पहली छाप होती है, जो लोगों पर

164
00:22:19,881 --> 00:22:22,133
छोड़ते हैं और उनसे मिलती है।

165
00:22:24,302 --> 00:22:27,680
रिहाना जैसे कलाकारों को
सहजता से यह करते देखना अच्छा लगता है।

166
00:22:27,764 --> 00:22:32,518
रचनात्मक होने
और बहुरूपी होने का यही मतलब है।

167
00:22:32,602 --> 00:22:34,103
और इसमें रिहाना माहिर है।

168
00:22:34,187 --> 00:22:36,439
उसमें इतनी सारी शख्सियतें और इतने रूप हैं।

169
00:22:36,522 --> 00:22:39,192
और उसकी कामुकता, शालीनता।

170
00:22:39,275 --> 00:22:41,360
ये सब उसकी शख्सियत का हिस्सा हैं

171
00:22:41,444 --> 00:22:44,489
और वह गिरगिट की तरह,
एक से दूसरी शख्सियत में बदल जाती है।

172
00:22:45,740 --> 00:22:48,284
अरे, हाँ, मेरे लिए तो मिज़ाज की बात है।

173
00:22:48,367 --> 00:22:50,953
हमेशा मिज़ाज की बात होती है।

174
00:22:52,080 --> 00:22:55,958
रिहाना थोड़ी शर्मीली है।
अपने-आप में रहती है, शांत रहती है।

175
00:22:56,042 --> 00:23:00,046
और अगर आप उसे नहीं जानते,
तो उसके इन पहलुओं के बारे में

176
00:23:00,129 --> 00:23:02,590
आपको शायद कभी पता नहीं चलेगा। वह रॉबिन है।

177
00:23:04,133 --> 00:23:06,135
सब मिज़ाज पर निर्भर करता है।

178
00:23:07,637 --> 00:23:09,222
फ़ैशन के मामले में,

179
00:23:10,181 --> 00:23:13,518
मुझे अपने मिज़ाज से बहुत प्रेरणा मिलती है।

180
00:23:13,601 --> 00:23:15,394
अगर मुझे आलस महसूस हो रहा है,

181
00:23:15,478 --> 00:23:18,523
तो मैं ढीली सी हुडी
और ढीला सा पजामा पहनूँगी।

182
00:23:18,606 --> 00:23:23,778
और अगर मुझे खूबसूरत महसूस न हो रहा हो
तो एकदम बेकार सी नज़र आऊँगी।

183
00:23:24,445 --> 00:23:27,532
जिस भी चीज़ में अच्छा महसूस हो,
उसी को चुनिए।

184
00:23:27,615 --> 00:23:29,075
हम सब ने यह महसूस किया है।

185
00:23:29,158 --> 00:23:31,619
रिहाना

186
00:26:22,873 --> 00:26:27,128
कामुकता

187
00:26:29,714 --> 00:26:32,341
कामुकता को दिखाना

188
00:26:32,425 --> 00:26:36,387
मेरे लिए सतही होने के बजाय
बहुत गहरा काम हो गया है।

189
00:26:37,805 --> 00:26:42,101
खूबसूरती और वास्तविक कामुकता के
कई स्वरूप होते हैं।

190
00:26:42,184 --> 00:26:46,230
एक ताकत महसूस होती है
कि मैं जो पहनना चाहूँ, पहन सकती हूँ।

191
00:26:46,314 --> 00:26:48,357
जैसे पहनना चाहूँ, पहन सकती हूँ।

192
00:26:48,441 --> 00:26:51,235
अपने लिए, किसी और के लिए नहीं।

193
00:26:58,826 --> 00:27:00,661
कामुकता एक निजी एहसास होता है।

194
00:27:01,245 --> 00:27:04,749
यह ऐसी चीज़ है, जो या तो आप में होती है
या उसे हासिल करते हैं।

195
00:27:06,584 --> 00:27:10,838
कभी-कभी यह दागदार हो जाती है
क्योंकि आपके कुछ बुरे अनुभव रहे हैं

196
00:27:10,921 --> 00:27:13,507
या फिर आपसे आपकी ताकत छीन ली गई है।

197
00:27:14,550 --> 00:27:17,595
कामुकता स्वाभाविक रूप से ताकतवर होती है।

198
00:27:17,678 --> 00:27:20,389
उसे किसी और के लिए
किया जाने वाला एक प्रदर्शन

199
00:27:20,473 --> 00:27:21,307
पालोमा एल्सेसर

200
00:27:21,390 --> 00:27:22,308
बना दिया गया है,

201
00:27:22,391 --> 00:27:25,311
पर कामुकता एक बेहद निजी एहसास होता है।

202
00:27:26,937 --> 00:27:30,983
मेरे लिए, कामुकता किसी और के लिए नहीं है।

203
00:27:31,067 --> 00:27:31,901
मैं कुँआरी हूँ।

204
00:27:31,984 --> 00:27:32,818
जीजी गूड

205
00:27:33,152 --> 00:27:35,488
मज़ा करना अच्छा लगता है।
मुझे गलत मत समझना।

206
00:27:35,571 --> 00:27:36,864
यह बस अभी तक हुआ नहीं है।

207
00:27:37,531 --> 00:27:40,159
आपको चिंता नहीं होती कि कोई और आपको छुएगा।

208
00:27:40,242 --> 00:27:41,869
आप अपनी ही कल्पना में होते हैं।

209
00:27:41,952 --> 00:27:44,038
मैं 30 की हो गई हूँ, और मुझे परवाह नहीं।

210
00:27:44,121 --> 00:27:44,955
लॉरा हैरियर

211
00:27:45,039 --> 00:27:50,544
कभी-कभी लगता है कि
मेरे अंदाज़ के कारण मुझे कोई मिल सकता है।

212
00:27:50,628 --> 00:27:51,462
राइसा फ़्लावर्स

213
00:27:51,545 --> 00:27:54,131
जैसे, "वह प्यारी है।"
जैसे, "ज़बरदस्त कमीनी।"

214
00:27:54,215 --> 00:27:56,759
कामुकता मानव सहज है।

215
00:27:56,842 --> 00:27:58,677
यह हमारी शख्सियत का एक हिस्सा है।

216
00:27:58,761 --> 00:28:00,429
इसी से हम यहाँ पहुँचे हैं।

217
00:28:00,513 --> 00:28:03,724
यह आपकी अपनी दैवीय अंदरूनी ताकत है।

218
00:28:04,350 --> 00:28:09,105
चाहे बात उसे पाने की हो,
चाहे उसे साझा करने की हो,

219
00:28:09,188 --> 00:28:11,565
या बस वही होने की बात हो।

220
00:39:58,772 --> 00:39:59,981
समुदाय

221
00:40:00,065 --> 00:40:03,610
जब कुछ सोचती हूँ
तो अपने सभी करीबी लोगों को

222
00:40:03,693 --> 00:40:05,195
उसका हिस्सा समझती हूँ।

223
00:40:06,029 --> 00:40:10,158
मैं ऐसी चीज़ें बनाना चाहती हूँ
जो मैं अपने पहचान वालों पर देख सकूँ।

224
00:40:10,242 --> 00:40:14,287
और वे अलग-अलग आकार,
माप, नस्ल, धर्म के हैं...

225
00:40:15,872 --> 00:40:20,335
चाहे वे मेरे अपने घर के हों,
और मेरे बचपन के हों,

226
00:40:20,418 --> 00:40:23,130
या मेरा वह पूरा परिवार हो
जो मैंने खुद बनाया है।

227
00:40:23,505 --> 00:40:27,384
मैं जो भी करूँ, उन्हें सच में,
उसका हिस्सा बनाना चाहती हूँ।

228
00:40:28,593 --> 00:40:30,178
सब एक जैसे नहीं होते।

229
00:40:30,262 --> 00:40:34,182
बहुत लोग होते हैं जिन्हें आप चाहते हैं
और जिनका सम्मान करते हैं।

230
00:40:34,266 --> 00:40:39,187
और जब वह कुछ भी बनाती है, वह अपनी
ज़िंदगी के सभी लोगों के बारे में सोचती है।

231
00:40:39,271 --> 00:40:42,649
रिहाना की अच्छी बात यह है
कि वह दुनिया भर में मशहूर कलाकार है।

232
00:40:42,732 --> 00:40:43,900
वह सबको शामिल करती है।

233
00:40:44,943 --> 00:40:48,780
उसने एक नया रास्ता खोला,
और दुनिया के सामने

234
00:40:48,864 --> 00:40:53,368
मेकअप, फ़ैशन, लॉन्ज़रे से जुड़े
नए अंदाज़ लाकर रख दिए,

235
00:40:53,451 --> 00:40:57,164
और वह सब, हर माप
और हर आकार की औरत के लिए है।

236
00:40:57,247 --> 00:40:59,791
यह बहुत ही हिम्मत वाली,
दिलेरी वाली बात है।

237
00:40:59,875 --> 00:41:01,710
अलग माप, अलग शख्सियत...

238
00:41:01,793 --> 00:41:05,297
रचनात्मक लोगों का समुदाय मिला
जो उन हदों को आगे बढ़ा रहा है

239
00:41:05,380 --> 00:41:08,758
और दिखा रहा है कि वह जो अनोखापन है,
उसी से शुरुआत करनी चाहिए।

240
00:41:10,635 --> 00:41:15,182
आप कुछ बनाएँ और उसे पसंद करें,
वही काफ़ी है।

241
00:41:15,265 --> 00:41:21,229
पर दुनिया भर में जब लोग उसे, उसी तरह से
पसंद करते हैं, तो बात ही अलग होती है।

242
00:41:21,313 --> 00:41:24,316
हम दमदार महिलाएँ और मर्द हैं...

243
00:41:24,399 --> 00:41:29,154
सभी को शामिल करना,
हमेशा से मेरे स्वभाव में रहा है।

244
00:41:29,237 --> 00:41:31,114
इसमें सोचने की बात ही नहीं है।

245
00:41:31,198 --> 00:41:34,618
मैंने कभी नहीं सोचा था कि रिहाना के पास
मेरे हिसाब के कपड़े होंगे।

246
00:41:34,701 --> 00:41:36,828
मैंने उससे पूछा। उसने कहा, हाँ।

247
00:41:37,787 --> 00:41:42,751
मुझे नहीं लगा था
कि यह इतनी चर्चा लायक बात होगी।

248
00:41:43,251 --> 00:41:47,464
मैंने बस इतना सोचा
कि सभी को इसमें शामिल करना है।

249
00:51:31,839 --> 00:51:33,424
मेरे पास पूरा दिन नहीं है!

250
00:51:33,925 --> 00:51:37,178
कोई बात नहीं। वह क्या कर रहा है?
वह ज़रूर...

251
00:51:40,348 --> 00:51:43,559
चलो भी, यार। धीरे-धीरे काम मत करो।
पैलेट लाओ, यार।

252
00:51:44,811 --> 00:51:48,648
धत्, ऐसे पेश आ रहे हो
जैसे पहली बार आए हो, है न?

253
00:51:51,442 --> 00:51:54,445
अरे, यार। चलो भी। उसे हटाओ, यार।

254
00:51:55,196 --> 00:51:57,156
हाँ, यार। बड़े सुस्त हो, यार।

255
00:51:58,574 --> 00:52:00,284
हमारे पास पूरा दिन नहीं है।

256
00:52:03,830 --> 00:52:06,249
-यह बुरा है...
-तुम्हें इसे नीचे लाना होगा।

257
00:52:06,332 --> 00:52:08,709
नीचे लाओ।

258
00:52:10,336 --> 00:52:11,838
बिल्कुल नहीं।

259
00:52:11,921 --> 00:52:15,049
अरे, हमें क्रेट में ऐसे सौ और चाहिए।

260
00:52:15,466 --> 00:52:17,218
हमें जाना है, यार।

261
00:52:43,578 --> 00:52:46,789
हाँ। ध्यान से!

262
00:52:47,456 --> 00:52:51,335
ध्यान से। लगते-लगते बचा।
ए, हमें ऐसे दो और चाहिए, यार।

263
00:52:51,419 --> 00:52:54,630
अरे, यार, चलो, यार।

264
00:52:54,714 --> 00:52:57,800
चलो। हमें उतरना होगा, यार।
ये लोग पगला रहे हैं, यार।

265
00:53:04,932 --> 00:53:07,685
नहीं! देखो क्या कर रहे हो?

266
00:53:13,399 --> 00:53:14,400
हाँ।

267
00:56:00,608 --> 00:56:02,610
संवाद अनुवादक परवीन कौर शोम

268
00:56:02,693 --> 00:56:04,695
रचनात्मक पर्यवेक्षक
शीला सिजिन मैथ्यूज़



